skip to main
|
skip to sidebar
दुखिया दास कबीर...
Friday, September 20, 2024
दो पँतिया :
कोई ये आख़िरी नहीं है ग़म क्या कीजै
बचा है इश्क़ तो जनाज़े भी और उठेंगे।
गंगेश गुंजन
#उचितवक्ताडेस्क।
Monday, September 16, 2024
'....नाराज़ हैं आसानियाँ ! ' (दो पँतिया)
जब से मेरी हो गई है
मुश्किलों से दोस्ती,
पूछिए मत किस क़दर नाराज़ हैं
आसानियाँ !
🌼
गंगेश गुंजन
#उचितवक्ताडेस्क।
ख़ुशफ़हमी के इलाक़े
❄️!❄️ ख़ुशफ़हमी के इलाक़े •
कवि ही नहीं,बहुत से आलोचक और विद्वानों को भी अक्सर यह ख़ुशफ़हमी रहती है कि वे सर्वथा मौलिक और महान लिख और कह रहे हैं।
स्वाभाविक है।वे क्या समाज से बाहर हैं?
|🌜?🌛|
गंगेश गुंजन
#उचितवक्ताडे.
Friday, September 13, 2024
विचार -पंथ कारवाँ में
'विचार-पंथ'
मैं अपने विचारपंथ-कारवांँ में सिपाही नहीं,साधारण जन कारसेवक हूँ।
।🌱।
गंगेश गुंजन
#उचितवक्ताडेस्क.
Wednesday, September 11, 2024
दो पँतिया : किसी के चाहने न घाहने से.
किसी के चाहने न घाहने से क्या होगा
बदल के ही रहेगी यह दुनिया देखियेगा।
गंगेश गुंजन
#उचितवक्ताडे.
Monday, September 2, 2024
ग़ज़लनुमा : दिल कुछ ऐसा अफ़साना लिख
🍂🌸🍂
दिल ऐसा कुछ अफ़साना लिख
सुख हर शख़्स के सिरहाना लिख।
बँटे हुए दु:ख के भी इलाक़े
सबको कुछ-कुछ वीराना लिख।
ख़ुदा गवाही से बढ़ कर के
रूह दिखा दे खुल जाना लिख।
मिले हुए हो गए बहुत दिन
'कल रेस्त्राँ में आ जाना' लिख।
गंगेश गुंजन
#उचितवक्ताडे.
ग़ज़लनुमा : दिल कुछ ऐसा अफसाना लिख
🍂🌸🍂
दिल ऐसा कुछ अफ़साना लिख
सुख हर शख़्स के सिरहाना लिख।
बँटे हुए दु:ख के भी इलाक़े
सबको कुछ-कुछ वीराना लिख।
ख़ुदा गवाही से बढ़ कर के
रूह दिखा दे खुल जाना लिख।
मिले हुए हो गए बहुत दिन
'कल रेस्त्राँ में आ जाना' लिख।
गंगेश गुंजन
#उचितवक्ताडेस्क.
Newer Posts
Older Posts
Home
Subscribe to:
Posts (Atom)
Followers
Blog Archive
►
2025
(8)
►
March
(5)
►
February
(2)
►
January
(1)
▼
2024
(118)
►
December
(4)
►
November
(4)
►
October
(5)
▼
September
(7)
दो पँतिया :
'....नाराज़ हैं आसानियाँ ! ' (दो पँतिया)
ख़ुशफ़हमी के इलाक़े
विचार -पंथ कारवाँ में
दो पँतिया : किसी के चाहने न घाहने से.
ग़ज़लनुमा : दिल कुछ ऐसा अफ़साना लिख
ग़ज़लनुमा : दिल कुछ ऐसा अफसाना लिख
►
August
(11)
►
July
(10)
►
June
(11)
►
May
(18)
►
April
(7)
►
March
(17)
►
February
(11)
►
January
(13)
►
2023
(78)
►
December
(13)
►
November
(2)
►
October
(2)
►
September
(4)
►
August
(9)
►
July
(7)
►
June
(10)
►
May
(5)
►
April
(6)
►
March
(6)
►
February
(5)
►
January
(9)
►
2022
(96)
►
December
(6)
►
November
(8)
►
October
(13)
►
September
(12)
►
August
(8)
►
July
(17)
►
June
(1)
►
May
(9)
►
April
(4)
►
March
(7)
►
February
(2)
►
January
(9)
►
2021
(115)
►
December
(9)
►
November
(14)
►
October
(10)
►
September
(10)
►
August
(9)
►
July
(9)
►
June
(13)
►
May
(14)
►
April
(12)
►
March
(6)
►
February
(4)
►
January
(5)
►
2020
(165)
►
December
(10)
►
November
(7)
►
October
(8)
►
September
(10)
►
August
(18)
►
July
(25)
►
June
(18)
►
May
(13)
►
April
(16)
►
March
(18)
►
February
(11)
►
January
(11)
►
2019
(224)
►
December
(13)
►
November
(13)
►
October
(27)
►
September
(22)
►
August
(27)
►
July
(27)
►
June
(42)
►
May
(24)
►
April
(14)
►
March
(3)
►
February
(7)
►
January
(5)
►
2018
(75)
►
December
(4)
►
November
(5)
►
October
(10)
►
September
(4)
►
August
(6)
►
July
(3)
►
June
(2)
►
May
(10)
►
April
(2)
►
March
(10)
►
February
(12)
►
January
(7)
►
2017
(16)
►
December
(7)
►
November
(4)
►
October
(3)
►
January
(2)
►
2016
(6)
►
October
(3)
►
September
(3)
►
2013
(4)
►
August
(1)
►
July
(3)
►
2009
(5)
►
September
(2)
►
August
(1)
►
January
(2)
About Me
Gangesh Gunjan
View my complete profile